जेपी डायरी
मन की भावनाओं को लेखनी के रूप में व्यक्त करने का एक प्रयास.
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23 July, 2019
पुल
चाहा था बनाऊंगा एक पुल तेरे दिल तक पहुचने को।
तुम्हें क्या पता कितना दर्द होता है प्यार में अपनों का।
मर-मिटने की कसमें खायी थी उस दिन,
आज बड़ी शिद्दत से जरूरत पड़ी है दिल तोड़ने का।
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